27 दिसंबर 2010

वृद्धापेंशन की राशि निकासने गये वृद्ध हो रहे ठगी का शिकार...... 10 रू. में बिक रहा निकासी फॉर्म

बरबीघा पोस्ट ऑफिस में असहायों को मिलने वाली सरकारी सहायता राशि को भी लूटने में कई लोग लग जाते है और इसमें पोस्ट मास्टर का भी सहयोग होता है। बड़े ही शातिराना तरीके पोस्ट आफिस के द्वारा इस खेल को अंजाम दिया जा रहा है। बृद्धापेंशन की राशि निकालने जब बृद्ध लोग आते है तो उन्हें निकासी फॉर्म नहीं दिया जाता है और निकासी फॉर्म पोस्ट आफिस के बगल में ही एक पान दुकान में बिकता है। निकासी फॉर्म के बदले पान दुकानदार सभी बृद्ध लोगों से प्रति पास बुक बीस से दस रू. बसूलता है। लाचर और बेबस लोगों की मदद करने तो कोई आगे नहीं आता है पर उसके पैसे को ऐंठने का तरह तरह का तरीका निकाल लिया जाता है। इतना ही नहीं पोस्ट ऑफिस का पास बुक भर कर पान दुकान में ही जमा हो जाता है और दो दिन बाद पैसा लेने के लिए आने की बात कही जाती है। पान दुकानदार ही नहीं कई अन्य लोग भी कैंप्स के अंदर दस दस रू. बसूल कर लाचार बुढ़े लोगों से निकासी फार्म के नाम पर उगाही करते है।


इस संबंध में नाराणपुर निवासी श्रीदेवी नामक बृद्धा महिला इस 10 रू. के लिए बेचारगी दर्शाते हुए कहती है कि वह कर्जा ला कर 20 रू. दिया है। भला सोचिए सरकार ने जिस बेबसी को ध्यान में रख कर बुजूर्गो को मदद के लिए 200 प्रति माह की राशि वृद्धापेंशन के रूप में दी है उसमें भी बसूली मानवीय संवेदना को झकझोरने वाला कदम है कि नहीं।

हलांकि इस संबंध में पोस्ट मास्टर श्रवण सिंह ने कहा कि उनको इसकी जानकारी नहीं है और ऐसा किया जा रहा है तो इसपर कार्यवाई होगी। इसी संबंध में जब जिला डाक निरीक्षक सें संपर्क किया गया तो उन्होने जांच कर इसपर कार्यवाई की बात कही।

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