नाना पाटेकर का जाना...
भारतीय सिनेमा जगत में नाना पाटेकर एक ध्रुव तारा के समान थे जो धुप्प रात के अंधेरे में भी रास्ता दिखाते थे। नाना पाटेकर के सिनेमा को जिसने देखा, वह सिनेमा के नाना पाटेकर के किरदार के साथ जीने लगा।
नाना पाटेकर ने प्रहार, तिरंगा, क्रांतिवीर इत्यादि सिनेमा के माध्यम से हमें राष्ट्रभक्त होना, सत्य निष्ठ होना सिखाया।
नाना पाटेकर के सिनेमा ने ही हमें सत्य के लिए अड़ना भी सिखाया।
नायक के किरदार के साथ-साथ खलनायक के किरदार में भी जब नाना पाटेकर उतरे तो उसमें भी एक जीवंतता देखी गई। एक दम से डरा देते।
हालांकि वेलकम जैसे सिनेमा में नाना पाटेकर का हास्य किरदार बहुत प्रभावशाली नहीं रहा परंतु उन्होंने यह भी किया।
सादर नमन
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